25 दिसंबर से किसानों का अनिश्चितकालीन धरना व क्रमिक भूख हड़ताल
#dabwalinews
डबवाली-
राष्ट्रीय किसान संगठन व सभी किसान यूनियनों द्वारा 25 दिसंबर, मंगलवार से एसडीएम कार्यालय के समक्ष किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरना व क्रमिक भूख हड़ताल प्रारंभ की जाएगी। इसे लेकर रविवार को संगठन के प्रदेशाध्यक्ष जसवीर सिंह भाटी के नेतृत्व में किसान प्रतिनिधियों ने तहसील कॉम्पलैक्स में पहुंचकर धरना स्थल का निरीक्षण व आंदोलन की तैयारियों को अंतिम रूप दिया।
इस संबंध में जसवीर सिंह भाटी ने बताया कि उन्होंने डबवाली हलके के गांवों में जनसभाएं कर किसानों को आंदोलन में शामिल होने की अपील की है। सभी गांवों में किसानों ने आंदोलन का भरपूर समर्थन किया और सरकार के खिलाफ रोष जताया। उन्होंने कहा कि देश को आजाद हुए 70 साल बीतने के बाद भी किसान व मजदूर आर्थिक रूप से बदहाल हैं और आत्महत्याएं करने को मजबूर हैं। आज किसानी को बचाने की जरूरत है। इसलिए जरूरी है कि सरकारें किसानों की मुख्य मांगों को मानकर उन्हें जल्द से जल्द लागू करे। डा. स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट को पूरी तरह लागू किया जाए व किसानों को कर्ज मुक्त किया जाए। अन्य मांगों के बाबत श्री भाटी ने बताया कि बीमा कंपनियां किसानों को लूट रही है और इसमें सरकार की मिलीभगत है। किसानों के बैंक खातों से बीमा राशि जबरन काट ली जाती है लेकिन फसल खराब होने के बाद उन्हें बीमा क्लेम नहीं दिया जाता। उन्होंने कहा कि खरीफ 2017 का बाकी बीमा क्लेम किसानों को समेत ब्याज दिया जाए व 2018 में भी खरीफ की जो फसल खराब हुई है उसका क्लेम भी जल्द दिलाया जाए। धान की पराली को लेकर लगाए गए जुर्माने माफ किए जाए व प्रशासनिक कार्यों पर लगी रोक को हटाया जाए। उन्होंने बताया कि धरने में राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के प्रधान वीएम सिंह, भारतीय किसान यूनियन हरियाणा के प्रधान गुरनाम सिंह चढ़ूनी, सुरेश कौथ, भारतीय किसान यूनियन (सिद्धुपुर) पंजाब के प्रधान जगजीत सिंह डलेवाल, संत वीर सिंह, इंद्रजीत सिंह पन्नीवाली(राजस्थान) व कई अन्य किसान नेता पहुंचेंगे व अपने विचार रखेंगे।
जसवीर सिंह भाटी ने चेताया कि यदि किसानों की उपरोक्त सभी मांगों को न माना गया तो 25 दिसंबर से शुरू किया जा रहा धरना अनिश्चितकाल तक चलेगा व प्रतिदिन 5 किसान भूखहडताल पर भी बैठेंगे। अगर मांगें नहीं मानी तो एक माह बाद 5 किसान आमरण अनशन पर बैठ जाएंगे जो आखिरी दम तक किसानों की लड़ाई लडेंगे। भूख हड़ताल पर बैठने वाले किसानों के नामों की घोषणा भी 25 दिसंबर को ही कर दी जाएगी। इस मौके पर मिठ्ठु कंबोज, राकेश नेहरा, लीलाधर बलिहारा, सुरेश पूनिया, जगदीश एडवोकेट, वकील सिंह मौजगढ़, वेद पाल डांगी, बलबीर सिंह चठ्ठा, जयदयाल मेहता, बलजीत सिंह फुल्लो, चरणजीत सिंह देसू, जगसीर सिंह जंडवाला आदि साथ थे।
डबवाली-
राष्ट्रीय किसान संगठन व सभी किसान यूनियनों द्वारा 25 दिसंबर, मंगलवार से एसडीएम कार्यालय के समक्ष किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरना व क्रमिक भूख हड़ताल प्रारंभ की जाएगी। इसे लेकर रविवार को संगठन के प्रदेशाध्यक्ष जसवीर सिंह भाटी के नेतृत्व में किसान प्रतिनिधियों ने तहसील कॉम्पलैक्स में पहुंचकर धरना स्थल का निरीक्षण व आंदोलन की तैयारियों को अंतिम रूप दिया।
इस संबंध में जसवीर सिंह भाटी ने बताया कि उन्होंने डबवाली हलके के गांवों में जनसभाएं कर किसानों को आंदोलन में शामिल होने की अपील की है। सभी गांवों में किसानों ने आंदोलन का भरपूर समर्थन किया और सरकार के खिलाफ रोष जताया। उन्होंने कहा कि देश को आजाद हुए 70 साल बीतने के बाद भी किसान व मजदूर आर्थिक रूप से बदहाल हैं और आत्महत्याएं करने को मजबूर हैं। आज किसानी को बचाने की जरूरत है। इसलिए जरूरी है कि सरकारें किसानों की मुख्य मांगों को मानकर उन्हें जल्द से जल्द लागू करे। डा. स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट को पूरी तरह लागू किया जाए व किसानों को कर्ज मुक्त किया जाए। अन्य मांगों के बाबत श्री भाटी ने बताया कि बीमा कंपनियां किसानों को लूट रही है और इसमें सरकार की मिलीभगत है। किसानों के बैंक खातों से बीमा राशि जबरन काट ली जाती है लेकिन फसल खराब होने के बाद उन्हें बीमा क्लेम नहीं दिया जाता। उन्होंने कहा कि खरीफ 2017 का बाकी बीमा क्लेम किसानों को समेत ब्याज दिया जाए व 2018 में भी खरीफ की जो फसल खराब हुई है उसका क्लेम भी जल्द दिलाया जाए। धान की पराली को लेकर लगाए गए जुर्माने माफ किए जाए व प्रशासनिक कार्यों पर लगी रोक को हटाया जाए। उन्होंने बताया कि धरने में राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के प्रधान वीएम सिंह, भारतीय किसान यूनियन हरियाणा के प्रधान गुरनाम सिंह चढ़ूनी, सुरेश कौथ, भारतीय किसान यूनियन (सिद्धुपुर) पंजाब के प्रधान जगजीत सिंह डलेवाल, संत वीर सिंह, इंद्रजीत सिंह पन्नीवाली(राजस्थान) व कई अन्य किसान नेता पहुंचेंगे व अपने विचार रखेंगे।
जसवीर सिंह भाटी ने चेताया कि यदि किसानों की उपरोक्त सभी मांगों को न माना गया तो 25 दिसंबर से शुरू किया जा रहा धरना अनिश्चितकाल तक चलेगा व प्रतिदिन 5 किसान भूखहडताल पर भी बैठेंगे। अगर मांगें नहीं मानी तो एक माह बाद 5 किसान आमरण अनशन पर बैठ जाएंगे जो आखिरी दम तक किसानों की लड़ाई लडेंगे। भूख हड़ताल पर बैठने वाले किसानों के नामों की घोषणा भी 25 दिसंबर को ही कर दी जाएगी। इस मौके पर मिठ्ठु कंबोज, राकेश नेहरा, लीलाधर बलिहारा, सुरेश पूनिया, जगदीश एडवोकेट, वकील सिंह मौजगढ़, वेद पाल डांगी, बलबीर सिंह चठ्ठा, जयदयाल मेहता, बलजीत सिंह फुल्लो, चरणजीत सिंह देसू, जगसीर सिंह जंडवाला आदि साथ थे।
No comments:
Post a Comment