डबवाली में स्वामी राजेन्द्रानंद ने बताई मां की महिमा,बच्चों को अपनी मां की सेवा करनी चाहिए
डबवाली-श्री गुरु जंभेश्वर भगवान के 573वें अवतार दिवस के उपलक्ष्य में बिश्नोई धर्मशाला में चल रहे जन्माष्टमी महोत्सव के चौथे दिन सोमवार को हरिद्वार से पधारे कथा वाचक स्वामी राजेन्द्रानन्द ने हरि कथा सुनाते हुए फरमाया कि मां का ऋण बेटे द्वारा कभी नहीं उतारा जा सकता।मां खुद गीले स्थान पर सो सकती है लेकिन अपने पुत्र को हमेशा सूखे व साफ स्थान पर सुलाती है, मां खुद भूखी रह सकती है लेकिन अपने बच्चे को कभी भूखा नहीं रखती। एक पुत्र कुपुत्र हो सकता है लेकिन माता कभी भी कुमाता नहीं हो सकती। इसलिए सभी बच्चों को अपनी मां की सेवा करनी चाहिए, कभी भी उसका निरादर नहीं करना चाहिए। स्वामी जी ने गुरु जंभेश्वर भगवान की शब्दवाणी सूक्ति हिंदू होय हरि क्यों न जपयो..सुनाते हुए समझाया कि मनुष्य को भगवान का नाम जरूर जपना चाहिए नहीं तो अंत समय दुखदायी होगा। जिस दिन तेरे होम न जप, न तप, जान के भागी कपिला गाय...अर्थात अगर मनुष्य घर में हवन व भगवान का जप तप नहीं करता तो समझो कि घर की कपिला गाय मतलब सुख सुविधाएं चली गई हैं। इसलिए सभी को घर में हवन के साथ-साथ भगवान का सिमरन जरुर करना चाहिए। मानव को कभी भी किसी का बुरा नहीं करना चाहिए, भला करने वाले का भला बेशक न हो लेकिन बुरा करने वाले का बुरा अवश्य होता है। उन्होंने सुक्ति हरी कंकेड़ी, मंडप मेडी़, जहां हमारा वासा, चार चक नवदीप थर हरे... के बारे में समझाया कि भगवान का वासा चारों दिशाओं में होता ,वे सब जगह विद्यमान होते हैं। भगवान का वास हरे पेड़ में भी होता है, ऐसे में हरा पेड़ कभी नहीं काटना चाहिए। अपनी जगह पर खड़ा पेड़ हमसे कुछ नहीं लेता बल्कि हमें कुछ न कुछ देता ही है। साखी सम्राट स्वामी सुखदेव मुनि ने सुंदर साखी सुनाकर संगत को निहाल किया। इससे पहले बिश्नोई सभा सचिव इंद्रजीत बिश्नेाई, सदस्य रणबीर सहारण, मिठ्ठु राम, शंकर लाल सीगड़, सुग्रीव भादू ने पतित पावनी मां गंगा हरिद्वार से पधारे कथा वाचक स्वामी राजेन्द्रानन्द व सभी संतों का तिलक लगाकर स्वागत किया। इस मौके पर बिश्नोई सभा सिरसा के महामंत्री ओपी बिश्नोई, सहसचिव जगतपाल कड़वासरा, सहसचिव भूप सिंह कस्वां, लॉर्ड शिवा कॉलेज के महानिदेशक देश कमल सीगड़, सभा के प्रचार मंत्री डा. मनीराम सहारण, सदस्य सुशील कुमार बेनीवाल, हरियाणा गौशाला के जिला अध्यक्ष एडवोकेट योगेश बिश्नोई, ओमप्रकाश ज्याणी व अन्य कमेटी सदस्यों के अलावा रामपुरा बिश्नोईयां से साहब राम गोदारा विशेष तौर पर समारोह में पहुंचे। इन सभी को सभा की और से स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। कथा समारोह में भारी संख्या में सभी गांवों से पहुंचे पुरुष, महिलाओं का बिश्नोई सभा के पदाधिकारियों ने धन्यवाद किया। सभा सचिव इंद्रजीत बिश्नोई ने बताया कि बुधवार सुबह डबवाली शहर के मुख्य बाजारों में बिश्नोई समाज द्वारा विशाल शोभायात्रा स्वामी राजेंद्रानंद जी महाराज के सानिध्य में निकाली जाएगी। उन्होंने सभी लोगों को शोभायात्रा में शामिल होने का निमंत्रण दिया।
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