माइमएनएम व ऐजू स्टेप फाउंडेशन के ब्रेन- साइंस कार्यक्रम “पढ़ते ही उम्र भर के लिए याद करो” में सातवीं कक्षा के बच्चों की पढ़ते-पढ़ते याद करने की अद्भुत विधा देख आश्चर्यचकित हुए दर्शक
गत शाम माइमएंडएम ऐजू स्टेप फाउंडेशन की ओर से सरदूलगढ़ क्षेत्र के ताज पैलस में मिसाइल मैन डा. ऐपीजे अब्दुल कलाम की स्मृति में ब्रेन-साइंस पर आधारित कार्यक्रम “पढ़ते ही उम्र भर के लिए याद करो” का भव्य आयपजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान सरदूलगढ़ क्षेत्र के बाल वाटिका सीनियर सेकेंडरी स्कूल, श्री गुरु नानक देव अकैडमी, झुनीर तथा ज्ञान सागर सीनियर सेकेंडरी स्कूल, रोड़ी के मेरिटोरियस बच्चों तथा विभिन्न क्षेत्रों में अपना नाम कमा चुके प्रतिभाशाली बच्चों को एक भव्य कार्यक्रम के दौरान हजारों अभिभावकों व गणमान्य लोगों की उपस्थिति में प्रिंसिपलों, 60 अध्यापक-अध्यापिकाओं व 600 बच्चों को डा. ऐपीजे अब्दुल कलाम मिशन एण्ड विज़न अवार्ड 2024 देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्यातिथि डीएसपी सरदूलगढ़ सरदार मंजीत सिंह, ज्ञान सागर स्कूल के चेयरमैन नोहर चंद तायल, भारत ग्रुप ऑफ़ कॉलेजेस के चेयरमैन राधे श्याम, मालवा कॉलेज ऑफ़ नर्सिंग के चेयरमैन जितेंद्र सिंह सोढ़ी व बाल वाटिका स्कूल के चेयरमैन संत राम गर्ग ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
मुख्यातिथि डीएसपी सरदूलगढ़ सरदार मनजीत सिंह ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि बच्चों को समय रहते उनकी पढ़ाई की ओर केवल चिंता करने से काम नहीं बनेगा। उन्होंने कहा कि आने वाले बच्चों को ऐसी याद रखने व करने की कला का प्रशिक्षण भी देना होगा, जिससे व अपने लक्ष्य को आसानी से प्राप्त कर सकें। अपने आस-पास के लोगों के प्रति थैंक फुल भी होना चाहिए जो हमें परोक्ष रूप से सहायता करते रहते हैं। क्योंकि भारत कि शिक्षा पद्धति का विश्व में लोहा माना जाता रहा है और भारत को जगद्गुरु के रूप में जाना जाता रहा है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता मिसेज इंडिया राधिका गुरुंग ने कहा कि वह आज याद करने की इस विधा को देखकर आश्चर्य चकित हैं और आज ही वह स्वयं तथा उनकी बिटिया जो कि टीन एशिया पसिफिक अवार्ड विजेता हैं इस कोर्स को आज ही ज्वाइन कर रहे हैं और आने वाले प्रोग्राम में वह खुद डैमो देंगी। उन्होंने कहा कि इस कोर्स की मेहता इतनी है कि इसे सीखने से निश्चित ही आने वाले समय में हर बच्चा जो चाहे आइलेट्स पास करना चाहता है, या वह आईएएस बनना चाहता है या कोई भी कंपटीशन पास करना चाहता है वह ग्रांटइड पास कर सकता है।
मालवा नर्सींग कालेज के चेयरमैन जतीन्द्र सिंह सोढ़ी ने कलाम साहब के जीवन पर प्रकाश डाल तथा कार्यक्रम के आयोजन के लिए आयोजकों को बधाई दी। उन्होंने अभिभावकों व विद्यार्थियों को इस कोर्स को सीखने की सलाह दी।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों में पढ़ाई करने के बावजूद भी क्षीण होती याद करने की शक्ति को पुन: स्थाई रूप में पाने के लिए ताकि परीक्षा में भूलें नहीं नेमोनिस्ट व ब्रेन साइंस के मास्टर ट्रैनर सूरज मेहता ने ब्रेन साइंस के आधार पर बच्चों को कैसे-कैसे याद रखा जा सकता है उसका नमूना भी प्रस्तुत किया और बच्चों ने मौके पर ही सैकड़ो शब्दों, अंकों को याद कर करके सुना दिया। इतना ही नहीं सातवीं क्लास की आरुषि ने पाई के वैल्यू को दशमलव के बाद सो स्थानों तक सुनाकर उपस्थित लोगों को अपनी याद करने की शक्ति से हैरान कर दिया वहीं 11 वीं कक्षा के पूर्व मेहता व सातवीं के अंशु, माधव ने पीरीआडिक टेबल को एक ही बार में सुना दिया। इन बच्चों को कौन से स्थान पर कौन सा एलीमेंट है अथवा कौन सा एलीमेंट किस नंबर पर है सब कुछ फटाफट सुना कर अपनी याद करने की शक्ति का परिचय दिया। बच्चों ने यह भी बताया कि उन्होंने 2 घंटे मात्रा में कैसे पुस्तक को याद कर लिया और यह सिद्ध कर दिया कि किताब के किस पेज पर क्या टॉपिक है अथवा यह टॉपिक किस पेज़ पर है इसके पूरी जानकारी मुख्य मेहमान सरदार मंजीत सिंह ने उन बच्चों से कई तरह के सवाल पूछ कर करके सुनिश्चित की।
उपस्थित बच्चों के माता-पिता, विद्यार्थियों ने तथा मेहमानों ने बार-बार तालियां बजाकर इस कार्यक्रम की दाद दी।
उसके बाद ज्ञान सागर सीनियर सेकेंडरी स्कूल रोड़ी के प्रिंसिपल पी. सी. तिवारी, बाल वाटिका सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सरदुलगढ़ के प्रिंसिपल अरविंद तिवारी तथा श्री गुरु नानक देव एकेडमी झुनीर के प्रिंसिपल ज्ञान अमृत सिंह को समृद्धि चिन्ह व सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया। इन्हीं स्कूलों के अध्यापक-अध्यापिकों को उनके शिक्षा के प्रति लग्न व समर्पण के आधारर सम्मानित किया गया। इन्हीं स्कूलों के छठी से 12वीं तक के 90% से अधिक अंक लेने वाले बच्चों व 35% अंक प्राप्त कर अपनी कक्षा उत्तीर्ण करने वाले विद्यार्थियों को प्रेरित करने के उद्देश्य से सम्मानित किया गया। खेलकूद, कला क्षेत्र, कंप्यूटर, लेखन, कविता आदि में अपने-अपने स्कूलों में नाम कमाने वाले सैकड़ो बच्चों को भी प्रशस्ति पत्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
माननीय मुख्य अतिथि डी एस पी सरदार मनजीत सिंह तथा कार्यक्रम की अध्यक्षा मिसेज इंडिया राधिका गुरु को दुशाला पहनाकर व स्मृति चिन्ह डेक्सर सम्मानित किया गया। विभिन्न सस्थाओं के चेयरमैनों नोहर चंद तायल, जतीन्द्र सिंह सोंढ़ी, राधे श्याम को भी प्रशस्ति पत्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर ज्ञान सागर स्कूल रोड़ी की आठवीं कक्षा की हरमन कौर के माँ व बेटी पर लांच हुए गीत का भी बाखूबी मंचन किया गया।
कार्यक्रम का संचालन माइम एन एम व ऐजू स्टेप फाउंडेशन के अध्यक्ष आचार्य रमेश सचदेवा ने बाखूबी किया तथा पेरेंट्स को अगाह किया कि वे समय रहते ही अपने बच्चों की याददाश्त को तेज़ करने के लिए वह हमारे फाउंडेशन से जुड़े तथा अपने बच्चों को कामयाब बनाएं । उहोने बताया कि संशता आने वाले समय में 10000 स्कूलों के बच्चों को डा. ऐ पी जे अब्दुल कलाम मिशन एण्ड विज़न अवार्ड देकर सम्मानित करेगी। इस अवसर पर मीरा स्कूल के चेयरमैन दर्शन गर्ग, बिजली बोर्ड के एसडीओ व आस पास के क्षेत्र के अनेकों गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
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